फैसला: पीएम रिपोर्ट से हत्या का हुआ था खुलासा, बिजली करंट लगाकर हत्या, दो दोषियों को उम्रकैद की सजा…
हरियर एक्सप्रेस, बालोद। करंट लगाकर हत्या के मामले में द्वितीय अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश श्वेता उपाध्याय गौर ने दो आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। निर्णय 24 अक्टूबर 2026 को दिया गया। आरोपी गीता बाई निर्मलकर (30), निवासी वार्ड नंबर 29 खड़ेनाडीह थाना डौंडीलोहारा और लेखराम निषाद (45), निवासी बडगांव थाना डौंडीलोहारा को भारतीय न्याय संहिता की धारा 103(1), 3(5) में आजीवन कारावास व 100 रुपए अर्थदंड, धारा 61 (2) में आजीवन कारावास व 100 रुपए अर्थदंड तथा धारा 238 में 3 वर्ष का कठोर कारावास व 100 रुपए अर्थदंड से दंडित किया गया। शासन की ओर से पैरवी लोक अभियोजक तोमन लाल साहू ने की।

प्रेम संबंध के चलते की थी हत्या…
फोरेंसिक विभाग दुर्ग के वरिष्ठ वैज्ञानिक को बुलाकर निरीक्षण कराया गया। पंचनामा के बाद शव का पोस्टमार्टम कराया गया, जिसमें डॉक्टर ने इलेक्ट्रिक शॉक से मृत्यु बताई। विवेचना में गीता निर्मलकर और लेखराम निषाद से पूछताछ में सामने आया कि 16 जुलाई 2025 की रात 11 से 12 बजे के बीच करंट लगाकर मनोहर की हत्या की गई। आरोपी गीता ने बताया कि लेखराम से उसका प्रेम संबंध था और ससुर मनोहर द्वारा शराब पीकर विवाद करने व गंदी नीयत रखने के कारण हत्या की योजना बनाई।



