आधी रात ग्रामीणों को देखने नकटी गांव पहुंचे विकास उपाध्याय लोगो को देख हुए भावुक…
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हरियर एक्सप्रेस, रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के नकटी गांव में प्रशासन ने बुलडोजर चला कर नकटी गांव में प्रस्तावित विधायक कॉलोनी के लिए 80 घरों को जमींदोज कर दिया जिसके बाद रायपुर पश्चिम के पूर्व विधायक विकास उपाध्याय रात करीब 11:30 बजे नकटी गांव पहुँचे। उन्होने कहा कि वहाँ का मंजर देखकर मेरा मन व्यथित हो गया। कई परिवार खुले आसमान के नीचे रात बिताने को मजबूर हैं। कोई पेड़ के नीचे सो रहा है तो कोई अपने टूटे हुए घर के मलबे के पास रो रहा है। महिलाएँ, बच्चे और बुज़ुर्ग बेबस नज़र आए।

विकास उपाध्याय ने बताया कि प्रभावित लोगों का कहना है कि आधी रात को बिजली काटकर बुलडोजर चलाया गया। ग्रामीणों का आरोप है कि पुनर्वास के जो वादे किए गए थे, वे ज़मीन पर पूरे नहीं दिख रहे। कई परिवारों का कहना है कि 12–14 सदस्यों के परिवार को केवल एक कमरा अस्थाई रूप से दिया गया है, जहाँ न बिजली है, न पीने के पानी की व्यवस्था और न ही शौचालय की सुविधा।
उन्होंने कहा कि सबसे बड़ा सवाल यह है कि जब लोग रो रहे हैं, बिलख रहे हैं और खुले आसमान के नीचे रात गुज़ार रहे हैं, तब रायपुर के सांसद बृजमोहन अग्रवाल, रायपुर पश्चिम के विधायक राजेश मूणत, रायपुर (या संबंधित क्षेत्र) के विधायक अनुज शर्मा और विधायक मोतीलाल साहू कहाँ हैं? वह सब अपने अपने बंगलों में AC में ठंडी हवा के साय में आराम से सो रहे है।




