हरियर एक्सप्रेस, अंबिकापुर। सरगुजा जिले के सीतापुर थाना क्षेत्र में केरजू सहकारी समिति के प्रबंधक दिनेश गुप्ता की आत्महत्या मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला सहकारी बैंक पेटला के तत्कालीन शाखा प्रबंधक भूपेंद्र सिंह परिहार सहित अन्य के खिलाफ मामला दर्ज किया है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 108 और 3(5) के तहत एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
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दिनेश गुप्ता ने 25 दिसंबर 2025 को अपने घर में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली थी। उनकी पत्नी सुनीता गुप्ता ने आरोप लगाया कि तत्कालीन शाखा प्रबंधक ने दिनेश गुप्ता के माध्यम से फर्जी किसान क्रेडिट कार्ड (केसीसी) ऋण स्वीकृत कर करीब 52 लाख रुपये की राशि का गबन किया।
जब दिनेश गुप्ता ने राशि लौटाने की बात कही तो उन्हें लगातार प्रताड़ित किया गया और नौकरी से निकालने की धमकी दी गई, जिससे वे मानसिक तनाव में आ गए।
इस मामले में पहले हुई प्रशासनिक जांच में दो करोड़ रुपये से अधिक के फर्जी केसीसी ऋण और वित्तीय अनियमितताओं की पुष्टि हो चुकी है। जांच के बाद तत्कालीन शाखा प्रबंधक को पद से हटा दिया गया था। वहीं, बड़ी संख्या में किसान अब भी अपने नाम पर दर्ज फर्जी ऋण के कारण आर्थिक संकट झेल रहे हैं।

सीतापुर पुलिस का कहना है कि परिजनों के बयान और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर मामला दर्ज किया गया है। आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। साथ ही पुलिस यह भी जांच कर रही है कि फर्जी ऋण वितरण और गबन के इस पूरे नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल थे।



