इंडिया गठबंधन के उम्मीदवार रेड्डी संविधान रक्षक न्यायकर्ता, एनडीए का उम्मीदवार संविधान विरोधी

हरियर एक्सप्रेस, रायपुर। भाजपा के प्रेस वार्ता पर पलटवार करते हुए प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार रिटायर्ड जज रेड्डी के आगे एनडीए के उम्मीदवार सुदर्शन की कोई उपलब्धि नहीं है। एनडीए जिसे उम्मीदवार बनाया है उस संघ की पृष्ठभूमि आजादी आंदोलन के खिलाफ रही है भारत में जब डॉक्टर बाबा साहब भीमराव अंबेडकर ने संविधान लिखा तब संघ ने संविधान की प्रतियां जलाई थी।बाबा साहब का विरोध किये पुतला जलाये थे।आजादी के बाद 52 साल तक संघ कार्यलय में तिरंगा नहीं फहराया था तिरंगा झंडा को अपशगुन बताया था और आज भी संघ संविधान बदलने की बात करता है एसी, एएसटी ,ओबीसी को मिले आरक्षण को खत्म करने की बात करता है जबकि रेड्डी संविधान के रक्षक थे संविधान के अनुसार न्याय करते थे।
प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने भाजपा से पूछा जिस दौरान माननीय न्यायालय ने सलवा जुडूम पर फैसला सुनाया था उस दौरान डॉ रमन सिंह मुख्यमंत्री थे भाजपा की सरकार थी ।तब भाजपा सरकार ने सलवा जुडूम के फैसले के खिलाफ अपील क्यो नही किया?उस दौरान भाजपा न्यायलय के फेसले को स्वीकार की तो आज गलत बताकर विरोध क्यो कर रही है?न्यायलय के फैसले पर सवाल उठाना कोर्ट की अवमानना है?क्या भाजपा को न्यायलय के फैसला आज गलत लग रहा है जब रेड्डी उपराष्ट्रपति पद के लिए एएनडी के प्रत्याशी सुदर्शन पर भारी पड़ रहे है।ये भाजपा की अवसरवादी राजनीति है।इन्हें न तो आदिवासियों की चिंता है न राष्ट्र की इन्हें बस संघ की घिनोनी मनसूब कैसे पूरा हो इसकी चिंता है।

प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि सलवा जुडूम के प्रेणता महेंद्र कर्मा की सुरक्षा भाजपा की सरकार नहीं कर पायी। परिवर्तन यात्रा के दौरान राजनीति षड्यंत्र के चलते उन पर नक्सली हमला होता है और महेंद्र कर्मा शहीद हो जाते हैं और आज भी भाजपा की सरकार उस षडयंत्र पूर्वक की गई नक्सली हत्याकांड की जांच नहीं करवाई है दोषियों को पकड़ी नहीं है कांग्रेस की सरकार ने जब दोषियों को पकड़ने के लिए जांच आयोग की कार्यकाल में बढ़ाई उसमें षड्यंत्र जैसे बिंदुओं को जोड़ा तब भाजपा के नेता न्यायालय जाकर उस जांच पर रोक लगवा देते हैं और षड्यंत्रकरियो को बचाते हैं आज वहीं भाजपा सलवा जुडूम के नाम से विधवा विलाप कर रही है।
प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि भाजपा के 15 साल के सरकार के दौरान प्रदेश के 15 जिला नक्सलवाद के चपेट में आ गया बस्तर के 700 से अधिक गांव में आग लगा दी गई और वहां के 5 लाख से अधिक लोग प्लान करने मजबूर हुए। नक्सलियों से बस्तर के आदिवासियों की सुरक्षा नहीं कर पाये। हजारों निर्दोष आदिवासियों को नक्सलियों ने मौत के घाट उतार दिया।सैकड़ो निर्दोष आदिवासियों को भाजपा की सरकार ने नक्सली बताकर जेल में बंद किया था और आज जब भाजपा को उपराष्ट्रपति चुनाव में हार दिख रहा है तब आदिवासियों की चिंतक बन रही है। आज भी भाजपा सरकार की नजर बस्तर के जल जंगल जमीन पर है उसे अपने पूंजीपति मित्रों के हाथ में कैसे सुपुर्द किया जाए इसके लिए भाजपा लगी हुई है इन्हें आदिवासियों की संस्कृति परंपरा तीज त्यौहार उनके जल जंगल जमीन से कोई लेना-देना नहीं है।



