
हरियर एक्सप्रेस, रायपुर। सोशल मीडिया के माध्यम से वायरल समाचार, जिसमें केंद्रीय विद्यालय संगठन रायपुर परिक्षेत्र के असिस्टेंट कमिश्नर विवेक कुमार चौहान पर गंभीर आरोप लगाए गए थे, में दूसरा पक्ष सामने आया है जो वायरल समाचार के दावों के बिल्कुल विपरीत है।

टेलीफोन के माध्यम से असिस्टेंट कमिश्नर विवेक कुमार चौहान से बात करने पर उन्होंने मीटिंग के दौरान किसी भी प्रकार की अभद्र भाषा व अपमानजनक शब्दों का प्रयोग करने का स्पष्ट खंडन किया। उन्होंने कहा कि वह केंद्रीय विद्यालय संगठन में एक विद्यार्थी, शिक्षक और प्राचार्य के रूप में कार्य कर चुके हैं और अपने कर्तव्य और दायित्वों के प्रति पूर्णतया सजग हैं। शुक्रवार को केंद्रीय विद्यालय महासमुंद में निरीक्षण उपरांत मीटिंग के दौरान उन्होंने निरीक्षण दल के द्वारा शिक्षण-अधिगम, विद्यालय भवन की साफ सफाई, प्रयोगशालाओं व खेल मैदानों के रख-रखाव, विद्यालय प्रशासन, लेखा आदि क्षेत्र में पाई गई कमियों को सभी शिक्षकों व प्राचार्य के समक्ष रखा। बैठक में विभिन्न मुद्दों पर हुई चर्चा को सोशल मीडिया पर हुए वायरल समाचार में तोड़ मरोड़कर वह गलत ढंग से पेश किया गया है। उन्होंने यह भी बताया कि वह शराब तो दूर चाय तक का नशा नहीं करते। गत 2 वर्ष के दौरान रायपुर संभाग के विभिन्न विद्यालयों में उनके द्वारा किए गए दौरों के दौरान उनके व्यवहार की पुष्टि विद्यालय में कार्यरत प्राचार्य व शिक्षकों से की जा सकती है।
इस संबंध में विद्यालय के प्राचार्य संजय कंसल से बात करने पर उन्होंने बताया कि विद्यालय में निरीक्षण उपरांत मीटिंग शुक्रवार को हुई थी, न कि रविवार को जैसा कि समाचार पत्र में दावा किया गया है। उन्होंने इस बात की पुष्टि की मीटिंग के दौरान असिस्टेंट कमिश्नर की भाषा बहुत ही मर्यादित व संयमित थी और किसी प्रकार से किसी भी शिक्षक के साथ अब अभद्रतापूर्ण व अपमानजनक व्यवहार नहीं किया गया । उन्होंने यह भी बताया कि समाचार में एक शिक्षक के द्वारा इस्तीफा देने की बात भी कही गई है वह भी पूर्णतः झूठ है और किसी भी शिक्षक के द्वारा किसी भी तरीके का इस्तीफा नहीं दिया गया है।
बैठक में निरीक्षण दल के सदस्य के रूप में मौजूद केंद्रीय विद्यालय धमतरी के प्राचार्य गिरीश बाबू कुश्तवार ने भी मीटिंग के दौरान असिस्टेंट कमिश्नर विवेक कुमार चौहान द्वारा किसी भी प्रकार की अभद्र भाषा या अपमानजनक शब्दों के प्रयोग के दावे का खंडन किया। उनके अनुसार असिस्टेंट कमिश्नर पर लगाए गए सभी आरोप पूर्णतया निराधार हैं।



