हरियर एक्सप्रेस, रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने आज लोकतंत्र के मूल्यों और देश के संवैधानिक ढांचे को लेकर एक बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि इस देश में लोकतंत्र कांग्रेस पार्टी की देन है और यह किसी की मेहरबानी या खैरात में नहीं मिला है, बल्कि इसके पीछे कांग्रेस के महान नेताओं और स्वतंत्रता सेनानियों का ऐतिहासिक संघर्ष और बलिदान रहा है।

वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने राजनांदगांव और बलौदा बाजार में सामने आए ‘लोकतंत्र हटाओ’ के नारों पर कड़ा विरोध दर्ज कराया। उन्होंने आक्रामक रुख अपनाते हुए कहा कि जिन लोगों या संगठनों का देश में लोकतंत्र लाने या इसे स्थापित करने में कोई योगदान नहीं रहा है, उन्हें इस तरह के अनर्गल बयान देने या ‘लोकतंत्र हटाओ’ बोलने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।
उन्होंने देश के लोकतांत्रिक ढांचे पर अटूट विश्वास जताते हुए कहा, “अब तो अगर सरकार भी चाहे, तो इस देश से लोकतंत्र हटने वाला नहीं है। भारत में लोकतंत्र मजबूती से स्थापित है और यह हमेशा रहेगा।”

पूर्व मंत्री के इस बयान के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि पार्टी देश के संविधान और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए हमेशा सड़क से लेकर संसद तक तत्पर रहेगी।



