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वरिष्ठ भाजपा नेता को धरना देने की घोषणा करना पड़ रहा तो आम आदमी की क्या बिसात?

वरिष्ठ भाजपा नेता को धरना देने की घोषणा करना पड़ रहा तो आम आदमी की क्या बिसात?

साय सरकार में प्रशासनिक अराजकता हावी, भाजपा नेता बगावत कर रहे।

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हरियर एक्सप्रेस, रायपुर। पूर्व मंत्री ननकी राम कंवर द्वारा मुख्यमंत्री निवास के सामने धरने पर बैठने का ऐलान करना साबित करता है कि भाजपा की साय सरकार पूरी तरह से जन सरोकार से दूर हो चुकी है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि ननकी राम भाजपा के वरिष्ठतम नेताओं में एक है उनको अपनी मांग मनवाने के लिए मुख्यमंत्री निवास के सामने धरना देने की घोषणा करना पड़ रहा तब कल्पना की जा सकती है कि आम आदमी की क्या स्थिति है? ननकी राम ने जिन मुद्दों को उठाया है वे राज्य की जमीनी हकीकत है। मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री ने उनके पत्र के मुद्दों को संज्ञान लिया था फिर अभी तक कार्यवाही क्यों नहीं हुई? ननकी राम कंवर अकेले नहीं है साय सरकार की कार्यप्रणाली से कोई भी भाजपा का नेता कार्यकर्ता खुश नहीं है दलीय प्रतिबद्धता के कारण सबकी जबान बंद है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि भाजपा राज में प्रशासनिक अराजकता हावी है। ननकी राम कंवर ने अपने पत्र में सिल-सिलेवार बताया है कि किस प्रकार से प्रशासनिक अधिकारी भाजपा के कार्यकर्ताओं और पत्रकार को प्रताड़ित कर रहे है। जब भाजपा के कार्यकर्ताओं का यह हाल है तो आम आदमी के साथ यह अधिकारी कैसा सलूक करते होगें, इसकी कल्पना की जा सकती है। ननकी राम कंवर का यह आरोप गंभीर है कलेक्टर डीएमएफ फंड का दुरुपयोग कर रहे व्यक्तिगत लाभ ले रहे। वरिष्ठ नेता के द्वारा मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर की गई शिकायत का निराकरण नहीं होना, बताता है कि प्रशासनिक अराजकता को सरकार का संरक्षण है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि ननकी राम कंवर ने तो केवल एक जिले के कलेक्टर के बारे में पत्र में लिखा है। पूरे प्रदेश में यही हालात है। ननकी राम कंवर के पहले भाजयुमो के पूर्व अध्यक्ष आदिवासी नेता रवि भगत ने भी बेलगाम नौकरशाही और मंत्री के मनमानी को उजागर किया था। सरकार की कमजोर पकड़ के कारण प्रशासनिक तंत्र बेलगाम हो गया है। पिछले एक साल में राज्य में काम करने की संस्कृति समाप्त हो गई है। आम आदमी अपने रोजमर्रा के कार्यों के लिये सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने को मजबूर है, किसी की कही सुनवाई नहीं हो रही है।

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